! अब लिखो बिना डरे !

शीशे के हम नहीं कि टूट जायेंगे ; फौलाद भी पूछेगा इतना सख्त कौन है .

573 Posts

1449 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 12171 postid : 1335822

“मौत के सामान जैसा है”

Posted On 18 Jun, 2017 Celebrity Writer में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

वो दर्द का एक लम्हा तूफान जैसा है,
मेरे लिए तो मौत के सामान जैसा है !

भूलने की कोशिशें नाकाम ही रही,
गहरे लगे एक ज़ख्म के निशान जैसा है!

लूट लिया जिसने चैन-ओ-सुकून सारा,
नजरों में हाय सबके भगवान जैसा है !

ये ठीक है मुकद्दर सबका नहीं बुलंद ,
कई बार टूटते हुए अरमान जैसा है !

जो नोंच खाये ‘नूतन’ मिलकर करे दगा ,
इंसान के इस जिस्म में शैतान जैसा है !

शिखा कौशिक नूतन



Tags:      

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (1 votes, average: 5.00 out of 5)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



latest from jagran