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गणतंत्र दिवस का शुभ अवसर : प्रफुल्लित भारत जन-गण-मन ![कांटेस्ट]

Posted On: 26 Jan, 2014 Contest,Celebrity Writer में

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गणतंत्र दिवस का शुभ अवसर ; प्रफुल्लित भारत जन-गण-मन !
गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण !
………………………………………………………………..
पूर्ण-प्रभुता हमने पाकर इस दिन थी हुंकार भरी ,
राजतन्त्र के महल ध्वस्त कर लोकतंत्र की नींव धरी ,
सकल विश्व ने माना लोहा हम हैं बल-बुद्धि-संपन्न !
गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण !
………………………………………………………………..
हर भारतवासी ने पाये इस दिन मौलिक छह अधिकार ,
भेदभाव का हुआ अंत न धर्म-लिंग होगें आधार ,
अधिकारों के साथ करें सब निज कर्तव्यों का पालन !
गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण !
………………………………………………………………..
मिटे गरीबी और अमीरी बीच खुदी गहरी खाई ,
पूँजीवाद को किया किनारे बने समाजवादी भाई ,
भूखा न सो पाये कोई मिले सभी जन को भोजन !
गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण !

शिखा कौशिक ‘नूतन’



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4 प्रतिक्रिया

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नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

yogi sarswat के द्वारा
January 29, 2014

हर भारतवासी ने पाये इस दिन मौलिक छह अधिकार , भेदभाव का हुआ अंत न धर्म-लिंग होगें आधार , अधिकारों के साथ करें सब निज कर्तव्यों का पालन ! गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण ! सार्थक शब्द

yatindrapandey के द्वारा
January 28, 2014

बेहतर प्रयाश पर कुछ कमी सी लगी

Santlal Karun के द्वारा
January 28, 2014

भारतीय जनमन का प्रतिनिधित्व करता गणतंत्र-गीत; हार्दिक साधुवाद एवं सद्भावनाएँ !

sadguruji के द्वारा
January 27, 2014

मिटे गरीबी और अमीरी बीच खुदी गहरी खाई , पूँजीवाद को किया किनारे बने समाजवादी भाई , भूखा न सो पाये कोई मिले सभी जन को भोजन ! गर्वित , हर्षित , आह्लादित है ; भारत भूमि का कण-कण !बहुत अच्छी देशभक्ति से ओतप्रोत कविता.बधाई.


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